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आधुनिक जीवन शैली और स्वास्थ्य

 आधुनिक जीवन शैली



कभी कभी हम सोचते हैं कि जैसा जीवन हम सब जिये जा रहे हैं या यूं कहें कि सिर्फ काटे जा रहे हैं। जीवन काटने का अर्थ यह है कि हम एक बंधित जीवन जी रहे है जिसके भविष्य में सिर्फ बर्बादी है। हमारा मानव जीवन प्रकृति का दिया हुआ एक सुन्दर उपहार है इस लिए इसे सत्य और मानवता के प्रति समर्पित हो कर जीने की कोशिश करनी चाहिेए पर आज हमारी आधुनिक जीवन-शैली कैसी हो गयी है, इसकी कुछ  जानकारी निम्नलिखित बातों से मिलती है -


भले ही आज हमारे पास रहने के लिए ऊंची रिहायशी इमारत है, लेकिन हमारी सोच उतनी ही छोटी हो गई है। छोटी छोटी बातों पर गुस्से में आकर हम अपने अपनों से दूर रहने लगे हैं। हमने आने जाने के पक्के रास्ते तो बना लिए लेकिन उसके साथ ही हम संकुचित विचारों से बुरी तरह घिरे हुए हैं। हम खरीदते अधिक हैं किन्तु आनंद कम उठा पाते हैं। हमारे घर तो बहुत बड़े बड़े हैं किन्तु परिवार उतने ही छोटे। हमारे पास सुविधाएं तो बहुत हैं किन्तु उनके उपयोग का समय बहुत कम है। हमारे पास ज्ञान तो है लेकिन फैसला लेने की क्षमता नहीं। हम निपुण होते हुए भी समस्याओं में उलझे रहते हैं। पर्याप्त दवाईयां होते हुए भी स्वास्थ्य गड़बड़  है।


हमने जीने का तरीका तो सीख लिया पर हमें जीना फिर भी नहीं आया। कहने को तो हमारी चाँद तक पहुंच है लेकिन पड़ोसी कौन है, इसकी खबर तक नहीं | हमने अपने घर को तो साफ़ कर लिया लेकिन आत्मा को उतना ही मैला कर लिया। आने जाने की अधिक सुविधा होते हुए भी आज हमारे पास समय इतना कम है कि अपने रिश्तेदार के घर पर भी मुश्किल से एक रात ही रुकते हैं |


हमारी जीवन शैली कितनी बिखरी हई है, इस बात का हमें अंदाजा तक नहीं है, और हमें इस बिखराव की कितनी भारी कीमत चुकानी पड़ेगी, इस बात को समझने में शायद हमें सदियाँ लग जाएंगी। फिर भी अभी भी समय है कि हम अपनी गलत जीवन शैली का त्याग कर दें और अपने इस मानव जीवन को प्रकृति का कीमती उपहार और धरोहर समझ कर व्यवस्थित और सहज रूप से जीने की कला सीखनी चाहिए। हमें मानवता और प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा हेतु संघर्ष करना चाहिए।


सतविंदर सिंह लधरोइया

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